My India - All about India

Rate this {type} दुनिया का सबसे लोकप्रिय ऑपरेटिंग सिस्टम “एंड्रॉयड” तेजी से विकसित हो रहा है। 2008 में अपने व्यावसायिक लॉन्च के बाद से, एंड्रॉयड ऑपरेटिंग सिस्टम में कार्यात्मक, धारणात्मक और दृष्टिगत रूप से रूपांतर किया गया है। स्मार्ट और विशेष सुविधाओं से परिपूर्ण होने के अलावा, यह तेजी से विकसित होने वाला एक इन्टूइटिव डिजाइन है। एंड्रॉयड ऑपरेटिंग वर्जन की शुरुआत के बाद से, पहले वर्जन पेटीटफोर से लेकर कपकेक, डोनट, जिंजरब्रेड, जेली बीन, [...]

by
स्वतंत्र भारत के बारे में जानने योग्य दिलचस्प तथ्य

Rate this {type} भारत और इसके नागरिक अपने 72 वें स्वतंत्रता दिवस का जश्न देशभक्ति की भावना के साथ धूमधाम से मनाया। स्वतंत्रता दिवस हर साल 15 अगस्त को देश भर में बहुत ही धूमधाम और उत्साह के साथ मनाया जाता है। यह महत्वपूर्ण दिन भारत के हर नागरिक के लिए एक स्मरणीय दिन है क्योंकि ब्रिटिश उपनिवेशवाद से मुक्ति पाकर नए युग की शुरुआत हुई जिनका शासन लगभग 200 वर्षों तक चला। आजादी के [...]

by
भारतीय रुपये में गिरावट क्यों ?

Rate this {type} 16 वीं लोकसभा चुनाव जीतने के बाद, भाजपा के नेतृत्व वाली राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) 26 मई 2014 को सत्ता में आई। अपने घोषणा पत्र में, भाजपा ने रुपये की गिरावट के लिए यूपीए सरकार की दृढ़ता से आलोचना की थी, क्योंकि अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपये के मूल्य में तेजी से गिरावट आई थी। जब एनडीए सरकार सत्ता में आई तो विनिमय दर 58.66 पर थी। सरल शब्दों में कहें तो [...]

by
72 वां स्वतंत्रता दिवस 2018: इतिहास, समारोह और महत्व

Rate this {type} भारत ने अपने 72 वें स्वतंत्रता दिवस का बड़ी ही धूमधाम और शानशौकत के साथ जश्न मनाया है और अपने सम्पूर्ण गौरव का गुणगान किया है। प्रत्येक भारतीय का हृदय देशभक्ति और एकता की भावना के साथ धड़कता है और स्वतंत्रता सेनानियों को याद करता है जिन्होंने राष्ट्र और उसके नागरिक को, शक्तिशाली ब्रिटिश शासन से मुक्त कराकर, स्वतंत्रता दिलाई। “कई सालों पहले, हमने नियति के साथ एक वादा किया था और [...]

by
केरल में बाढ़

Rate this {type} केरल, भगवान का अपना देश, आजकल निरंतर दक्षिण-पश्चिमी मानसूनी वर्षा के कारण सबसे अधिक आपदाजनक बाढ़ से जूझ रहा है। तबाही मचाने वाली बारिश से राज्य की स्थिति दिन-प्रतिदिन बिगड़ती जा रही है। केरल के विभिन्न शहरों और गांवों पर इस बारिश के विनाशकारी असर स्पष्ट रूप से चेतावनी दे रहे हैं कि अनिश्चित प्राकृतिक आपदाओं से निपटने के लिए नियमित सतर्कता की आवश्यकता है। केरल की आश्चर्यजनक रूप से भारी मानसूनी [...]

by
अजीत वाडेकर का निधन - जिन्होंने विदेशों में मिली ऐतिहासिक जीतों में भारत का नेतृत्व किया

Rate this {type} आक्रामक बाएं हाथ के कप्तान (लेफ्ट हैंडर कैप्टन) और पूर्व भारतीय क्रिकेट कप्तान, अजीत लक्ष्मण वाडेकर का लंबी बीमारी से पीड़ित होने के कारण 15 अगस्त को मुंबई के जसलोक अस्पताल में निधन हो गया। अजीत वाडेकर खराब स्वास्थ्य की वजह से कई दिनों से अस्पताल में भर्ती थे। भारतीय क्रिकेट में कुछ ऐसे बेहतरीन लम्हे हैं जब भारत ने 1971 में इंग्लैंड पर अपनी पहली विदेशी जीत सुनिश्चित की थी। वह [...]

by
अटल बिहारी वाजपेयी- एक प्रभावशाली व्यक्ति

Rate this {type} “मौत की उम्र ही क्या, दो पल भी नहीं” अटल बिहारी वाजपेयी, जो एक लेखक, राजनेता और कवि थे, का निधन 16 अगस्त 2018 को हो गया। बहुरूप से लोगों का हित करने वाले व्यक्ति ने अपने पीछे एक बहुत बड़ी विरासत छोड़ी है जिसे आने वाली पीढ़ियों द्वारा याद किया जाएगा। अटल बिहारी वाजपेयी जी के शब्द और दुनिया के प्रति उनके दृष्टिकोण आज के समय में प्रासंगिक है। वह भारत [...]

by
मूवी रिव्यू- सत्यमेव जयते

Rate this {type} कलाकारः जॉन अब्राहम, अमृता खानविलकर, आयशा शर्मा, तोता रॉय चौधरी, देवदत्त नागे, नोरा फतेही निर्देशकः मिलाप मिलन जावेरी निर्माताः भूषण कुमार, कृष्ण कुमार, मोनिशा आडवाणी, मधु भोजवानी, निखिल आडवाणी लेखकः मिलाप मिलन जवेरी संगीतः साजिद-वाजिद, तनिष्क बागची, रोचक कोहली, आर्को प्रवो मुखर्जी सिनेमेटोग्राफीः निगम बोमजन संपादकः माहिर प्रोडक्शन हाउसः टी-सीरीज फिल्म्स, एमे एंटरटेनमेंट अवधिः 2 घंटा 21 मिनट मूवी कथानकः मिलाप मिलन जवेरी द्वारा निर्देशित और लिखित, यह फिल्म भ्रष्टाचार के खिलाफ [...]

by
भारतीय क्रिकेट के शीर्ष 10 यादगार पल

Rate this {type} भारतीय क्रिकेट, क्रिकेट के दीवाने उन राष्ट्रों को मंत्रमुग्ध करने में कभी भी  विफल नहीं रहा है, जहाँ यह खेल स्वयं में एक धर्म है। भारतीय क्रिकेट ने अपनी शुरुआत 1932 में औपनिवेशिक शासन के दौरान इंग्लैंड के खिलाफ ‘क्रिकेट का मक्का’ कहे जाने वाले मैदान लॉर्ड्स से की थी। तब से, भारतीय क्रिकेट लगातार ऊचाइयाँ छू रहा है और इस खेल में अपनी श्रेष्ठता को साबित कर रहा है, धीरे-धीरे और [...]

by
स्वतंत्रता दिवस

Rate this {type} महात्मा गांधी ने न्यायसंगत रूप से कहा, “गुलामी को स्वीकार करने के लिए किसी को कैसे मजबूर किया जा सकता है? मैंने साधारण तरीके से शासक की आज्ञा मानने से इनकार कर दिया। वह मुझे यातना दे सकता है, मेरी हड्डियों को चकनाचूर कर सकता है और यहाँ तक मुझे मार भी सकता है। उसके बाद मेरा मृत शरीर होगा, मेरी आज्ञाकारिता नहीं। आखिरकार, मैं वही हूँ जो विजेता है, न कि [...]

by
Like us on Facebook

Recent Comments

Archives
Select from the Drop Down to view archives